CG News: खैरागढ़ में अंतरजातीय विवाह के बाद वकील दंपती का सामाजिक बहिष्कार, पुलिस से लगाई न्याय की गुहार

CG News: खैरागढ़ में अंतरजातीय विवाह के बाद वकील दंपती का सामाजिक बहिष्कार, पुलिस से लगाई न्याय की गुहार

CG News: खैरागढ़ में अंतरजातीय विवाह के बाद वकील दंपती का सामाजिक बहिष्कार, पुलिस से लगाई न्याय की गुहार

CG News: छत्तीसगढ़ के खैरागढ़ जिले से सामाजिक बहिष्कार का एक मामला सामने आया है. एक वकील दंपती ने आरोप लगाया है कि अंतरजातीय विवाह करने के बाद पिछले एक वर्ष से उन्हें समाज और गांव से अलग-थलग कर दिया गया है. पीड़ित दंपती का कहना है कि उन्हें सामाजिक और पारिवारिक कार्यक्रमों में शामिल होने से रोका जा रहा है.

शादी और अंतिम संस्कार में भी नहीं मिल रही जगह

दंपती के अनुसार, गांव में होने वाली शादियों, सामाजिक आयोजनों और यहां तक कि अंतिम संस्कार जैसे कार्यक्रमों में भी उन्हें शामिल नहीं होने दिया जाता. उनका कहना है कि गांव के लोगों को भी उनसे दूरी बनाए रखने के लिए कहा गया है, जिससे उनका सामाजिक जीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया है.

Khairagarh Inter-Caste Marriage Case | Advocate Couple Social Boycott

अंतरजातीय विवाह बना विवाद की वजह

जानकारी के अनुसार, सितंबर 2025 में अधिवक्ता नेमीचंद्र वर्मा ने प्रमिला सोनकर से प्रेम विवाह किया था. दोनों अलग-अलग जातियों से संबंध रखते हैं. दंपती का आरोप है कि इसी अंतरजातीय विवाह के कारण समाज के कुछ लोगों ने उनका बहिष्कार कर दिया और परिवार पर सामाजिक दबाव बनाया जा रहा है.

‘हुक्का-पानी बंद’ करने का आरोप

पीड़ित दंपती का कहना है कि विवाह के बाद समाज के कुछ लोगों ने उनके परिवार का ‘हुक्का-पानी बंद’ करने का फैसला सुनाया. उनका आरोप है कि लोगों को उनसे किसी भी प्रकार का सामाजिक संबंध नहीं रखने के लिए कहा गया, जिससे उन्हें लगातार मानसिक और सामाजिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.

35 हजार रुपये जुर्माने और सामूहिक भोज की शर्त

दंपती ने आरोप लगाया है कि समाज की बैठक में उन पर 35 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया. साथ ही यह शर्त भी रखी गई कि लगभग एक हजार लोगों के लिए सामूहिक भोज आयोजित करने के बाद ही समाज उन्हें स्वीकार करेगा. दंपती का कहना है कि इसके बावजूद उन्हें स्वीकार किए जाने की कोई गारंटी नहीं दी गई.

पुलिस से लगाई न्याय की गुहार

लगातार सामाजिक बहिष्कार का सामना करने के बाद दंपती ने पुलिस से शिकायत कर सुरक्षा और न्याय की मांग की है. उन्होंने स्वयं को समाज का प्रतिनिधि बताने वाले कुछ लोगों पर गैरकानूनी तरीके से सामाजिक बहिष्कार करने और दबाव बनाने का आरोप लगाया है. फिलहाल मामले में पुलिस शिकायत के आधार पर जांच कर रही है और आगे की कार्रवाई जांच के निष्कर्षों के अनुसार की जाएगी.

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