CG News: चिल्फी घाटी में 12 घंटे से महाजाम, ट्रक से गिरी भारी मशीन, NH-30 पर थमा यातायात
CG News: छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश को जोड़ने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग-30 पर स्थित चिल्फी घाटी में रविवार को एक बार फिर यातायात व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई। जबलपुर की ओर से आ रहे एक ट्रक से फैक्ट्री की भारी-भरकम मशीन नाग मोड़ी के पास अचानक सड़क पर गिर गई। मशीन के बीच सड़क पर गिरते ही दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई और देखते ही देखते कई किलोमीटर लंबा जाम लग गया।
12 घंटे से ज्यादा समय तक बाधित रहा यातायात
घटना के बाद रायपुर-जबलपुर मार्ग पर यातायात बुरी तरह प्रभावित हो गया। पुलिस और प्रशासन पूरी रात वन-वे व्यवस्था के जरिए वाहनों को निकालने की कोशिश करते रहे, लेकिन संकरी सड़क और घाटी के तीखे मोड़ों के कारण जाम पूरी तरह नहीं खुल सका। बंजारी क्षेत्र से लेकर चिल्फी घाटी तक ट्रकों, बसों और निजी वाहनों की लंबी कतारें लगी रहीं।
यात्रियों को हुई भारी परेशानी
जाम में फंसे यात्रियों को सबसे ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ा। बसों में सफर कर रहे बुजुर्ग, महिलाएं, बच्चे और मरीज घंटों तक जंगल के बीच फंसे रहे। कई लोगों के पास पीने के पानी और भोजन तक की व्यवस्था नहीं थी, जिससे रातभर उन्हें कठिन परिस्थितियों का सामना करना पड़ा।
फिर उजागर हुई चिल्फी घाटी की पुरानी समस्या
स्थानीय लोगों और वाहन चालकों का कहना है कि चिल्फी घाटी में इस तरह की घटनाएं नई नहीं हैं। घाटी की संकरी सड़क और खतरनाक मोड़ों के कारण किसी भी भारी वाहन के खराब होने या दुर्घटनाग्रस्त होने पर पूरा यातायात ठप हो जाता है। इसके बावजूद यहां अब तक स्थायी समाधान नहीं किया जा सका है।
आधुनिक संसाधनों की कमी बनी बड़ी चुनौती
मालवाहक वाहन चालकों का आरोप है कि प्रशासन के पास भारी वाहनों को तत्काल हटाने के लिए आधुनिक हाइड्रोलिक क्रेन जैसी सुविधाएं उपलब्ध नहीं हैं। ऐसे में कवर्धा या अन्य बड़े शहरों से क्रेन बुलाने में कई घंटे लग जाते हैं, जिससे जाम की स्थिति और गंभीर हो जाती है। स्थानीय लोगों ने चिल्फी घाटी में स्थायी आपदा प्रबंधन और भारी वाहनों को हटाने के लिए आधुनिक उपकरण तैनात करने की मांग की है।