राजिम कुंभ में अव्यवस्था पर विधायक का गुस्सा: CEO को लगाई फटकार, बोले- सरकार की साख को नुकसान पहुंचा रहे
राजिम कुंभ कल्प मेले में सामने आई अव्यवस्थाओं को लेकर राजिम से भाजपा विधायक रोहित साहू का गुस्सा फूट पड़ा। निरीक्षण के दौरान उन्होंने मेले के नोडल अधिकारी एवं जिला पंचायत CEO प्रखर चंद्राकर को कड़ी फटकार लगाते हुए कहा कि इस तरह की लापरवाही से सरकार की छवि खराब हो रही है और सार्वजनिक तौर पर उसकी बदनामी हो रही है।
कलाकारों के भोजन-पानी की व्यवस्था पर उठे सवाल
मामला कुंभ मेले में प्रस्तुति देने आए कलाकारों के खाने और पीने के पानी की व्यवस्था न होने से जुड़ा है। विधायक ने इसे गंभीर चूक बताते हुए जिला प्रशासन और आयोजन से जुड़ी इवेंट कंपनी को चेतावनी दी कि किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने साफ कहा कि चाहे अधिकारी हों या निजी एजेंसी, सरकार की साख को नुकसान पहुंचाने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी।
पत्रकारों और नागरिकों की शिकायत के बाद बढ़ा मामला
7 फरवरी को कई पत्रकारों और आम लोगों ने विधायक से मुलाकात कर इवेंट कंपनी पर मनमानी, बेवजह रोक-टोक और दुर्व्यवहार के आरोप लगाए थे। शिकायतों को संज्ञान में लेते हुए विधायक ने उसी दिन प्रशासन को व्यवस्थाएं दुरुस्त करने के निर्देश दिए थे।
इसके बावजूद 8 फरवरी को स्थिति और गंभीर हो गई। मुख्य मंच पर प्रस्तुति देने के बाद कलाकारों को लगभग डेढ़ घंटे तक बैठाए रखा गया, लेकिन उन्हें भोजन तक नहीं दिया गया। जैसे ही यह जानकारी विधायक को मिली, वे तुरंत मौके पर पहुंचे।
जवाब से असंतुष्ट हुए विधायक, अधिकारियों को लगाई फटकार
मौके पर विधायक ने प्रशासनिक अधिकारियों और इवेंट कंपनी के प्रतिनिधियों से जवाब मांगा। संतोषजनक उत्तर न मिलने पर उन्होंने सभी को कड़ी फटकार लगाई। विधायक ने कहा कि राजिम कुंभ कल्प मेला आस्था, संस्कृति और छत्तीसगढ़ की पहचान से जुड़ा हुआ आयोजन है, जिसकी गरिमा से किसी को भी खिलवाड़ करने की अनुमति नहीं दी जा सकती।
कलाकारों को स्वयं ले जाकर कराया भोजन
स्थिति संभालते हुए विधायक रोहित साहू सभी कलाकारों को अपने साथ एक निजी रेस्टोरेंट ले गए और उन्हें सम्मान पूर्वक भोजन कराया। उन्होंने कहा कि कलाकारों का सम्मान सर्वोपरि है और भविष्य में इस तरह की लापरवाही किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।