CG News : हेडमास्टर कक्षा में पी रहा था शराब, भाजपा नेताओं ने रंगे हाथों पकड़ा
CG News : छत्तीसगढ़ के बालोद जिले के डौंडी ब्लॉक में स्थित ग्राम चिपरा की प्राथमिक शाला से एक शर्मनाक मामला सामने आया है। यहां पदस्थ प्रधानपाठक सरजू राम ठाकुर मंगलवार सुबह करीब 11 बजे नशे की हालत में स्कूल पहुंचा। बताया जा रहा है कि वह कोल्डड्रिंक की बोतल में शराब भरकर लाया था और कक्षा के अंदर ही बैठकर खुलेआम पैग बना-बनाकर पी रहा था।
पालकों ने जताई नाराजगी
शिक्षक की हालत देखकर कुछ अभिभावकों ने तुरंत नाराजगी जताई और भाजपा नेताओं को सूचना दी। सूचना मिलते ही कुसुमकसा के भाजपा मंडल अध्यक्ष योगेंद्र कुमार सिन्हा अपने कार्यकर्ताओं के साथ स्कूल पहुंचे। उन्होंने शिक्षक को क्लासरूम में शराब पीते रंगे हाथ पकड़ लिया। इसका वीडियो भी बनाया गया, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
शिक्षक का दावा – “मैं रिटायर हो चुका हूं”
भाजपा नेताओं ने जब प्रधानपाठक से शराब पीने को लेकर सवाल किए, तो उसने जवाब दिया कि वह रिटायर हो चुका है। हालांकि जांच में सामने आया कि सरजू राम ठाकुर अभी भी सेवा में है और स्कूल में कार्यरत था। यह बयान और भी अधिक सवाल खड़े करता है कि वह स्कूल में क्यों मौजूद था और शराब लेकर आया कैसे।
जिला शिक्षा अधिकारी ने किया निलंबित
वीडियो सामने आने के बाद जिला शिक्षा अधिकारी पीसी मरकले ने तुरंत कार्रवाई करते हुए प्रधानपाठक सरजू राम ठाकुर को निलंबित कर दिया है। डौंडी के विकासखंड शिक्षा अधिकारी की अनुशंसा पर यह निर्णय लिया गया। निलंबन के दौरान शिक्षक का मुख्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय डौंडी तय किया गया है।
रिपोर्ट के आधार पर अगली कार्रवाई
प्रभारी खंड शिक्षा अधिकारी रोहित सिन्हा ने बताया कि निलंबन के साथ-साथ शिक्षक का ब्लड सैंपल लिया गया है, ताकि नशे की पुष्टि की जा सके। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। शिक्षा विभाग ने यह स्पष्ट किया है कि शराब पीना छत्तीसगढ़ सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के तहत अनुशासनहीनता और गंभीर कदाचार की श्रेणी में आता है।
समाज में रोष, शिक्षा व्यवस्था पर सवाल
इस घटना से अभिभावकों और समाज में गहरा रोष है। एक तरफ शिक्षा विभाग बच्चों में अनुशासन और नैतिकता की बात करता है, वहीं दूसरी ओर शिक्षक ही ऐसा आचरण कर रहे हैं, जो बच्चों पर गलत असर डालता है। अब इस पूरे मामले को लेकर स्थानीय प्रशासन और समाज के लोगों में चर्चा तेज हो गई है।