MP News: कैलाश विजयवर्गीय के बयान से सियासी हलचल, बच्चों के चरित्र और राष्ट्रभक्ति पर की टिप्पणी
MP News: इंदौर में एक निजी शिक्षण संस्थान के कार्यक्रम के दौरान मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने बच्चों के चरित्र निर्माण को लेकर बयान दिया, उन्होंने कहा कि, केवल शिक्षा नीति बनाने से बच्चों का चरित्र नहीं बन सकता, जब तक घर का वातावरण उसके अनुकूल न हो.
“बच्चा घर में ज्यादा समय बिताता है”: मंत्री
मंत्री ने उदाहरण देते हुए कहा कि, बच्चा स्कूल में लगभग 4 घंटे रहता है, जबकि घर में 20 घंटे, ऐसे में यदि घर का माहौल सही नहीं है, तो स्कूल में दी गई शिक्षा का सीमित प्रभाव ही पड़ता है, उन्होंने कहा, “घर में अगर परिजन दोस्तों के साथ पार्टी करेंगे, तो बच्चा वही सीखेगा जो वह घर में देखता है.”

माता-पिता के लिए भी पाठ्यक्रम की जरूरत
विजयवर्गीय ने सुझाव दिया कि, बच्चों के साथ-साथ माता-पिता के लिए भी एक पाठ्यक्रम होना चाहिए, जिससे यह सिखाया जा सके कि, बच्चों के साथ कैसा व्यवहार किया जाए और किस तरह का वातावरण दिया जाए.
शिक्षा में राष्ट्रभक्ति पर जोर
मंत्री ने शिक्षा व्यवस्था में राष्ट्रभक्ति को अहम बताया, उन्होंने कहा कि, पढ़ाई में इंजीनियर, डॉक्टर या सोशल वर्कर बनने पर तो ध्यान दिया जाता है, लेकिन बच्चों को चरित्रवान और राष्ट्रभक्त बनाने पर अपेक्षित फोकस नहीं होता.
“राष्ट्रभक्ति सिखाने वाला संगठन कौन सा?”
अपने संबोधन में विजयवर्गीय ने सवाल उठाया कि, दुनिया में ऐसा कौन सा संगठन है, जो बच्चों को व्यवस्थित रूप से राष्ट्रभक्ति सिखाता है, उन्होंने कहा कि, यह शिक्षा का एक अहम हिस्सा होना चाहिए.
पहले भी विवादों में रह चुके हैं मंत्री
कैलाश विजयवर्गीय इससे पहले भी अपने बयानों को लेकर विवादों में रहे हैं,
• 25 सितंबर 2025: शाजापुर में राहुल और प्रियंका गांधी को लेकर टिप्पणी
• अप्रैल 2023: हनुमान और महावीर जयंती पर युवाओं और लड़कियों के पहनावे पर बयान
• भागीरथपुरा, इंदौर: दूषित पानी से मौत के मामले में पत्रकार से बातचीत के दौरान आपत्तिजनक शब्द, बाद में माफी.