जशपुर में ‘ऑपरेशन शंखनाद’: 95 गौवंश मुक्त, दो आरोपी गिरफ्तार
जशपुर पुलिस ने गौ तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान ‘ऑपरेशन शंखनाद’ के तहत चार दिनों में बड़ी कार्रवाई की है। लोदाम थाना और सिटी कोतवाली क्षेत्र से कुल 95 गौवंश मुक्त कराए गए हैं।
कार्रवाई में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है, जबकि तीन वाहन जब्त किए गए हैं। अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
लोदाम थाना क्षेत्र में पहली कार्रवाई
12 फरवरी को पुलिस को सूचना मिली कि एक पिकअप वाहन के जरिए गौवंशों को झारखंड की ओर ले जाया जा रहा है। पुलिस ने ग्राम कोनबिरा में नाकाबंदी कर एक संदिग्ध कार को रोका।
पूछताछ में दो युवकों को हिरासत में लिया गया। उनकी निशानदेही पर पिकअप वाहन की तलाशी ली गई, जिसमें 12 गौवंश बरामद हुए। पिकअप चालक वाहन छोड़कर फरार हो गया। दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया। तस्करी में प्रयुक्त वाहन जब्त किए गए हैं।
NH-43 पर ट्रक से 43 गौवंश बरामद
15 फरवरी की सुबह ग्राम पुत्रीचौरा, बाला नदी के पास NH-43 पर एक ट्रक की तलाशी में 43 गौवंश मिले। इनमें से 20 की मौत हो चुकी थी। शेष पशुओं का पशु चिकित्सक से स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया, जबकि मृत पशुओं का पोस्टमार्टम कर विधि अनुसार अंतिम संस्कार किया गया।
अन्य स्थानों पर भी कार्रवाई
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ग्राम जूरतेला में पैदल ले जाए जा रहे 10 गौवंश मुक्त कराए गए।
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ग्राम चेडेया के लावा नदी पुल के पास 25 गौवंशों को सकुशल बचाया गया।
दोनों मामलों में आरोपी अंधेरे का लाभ उठाकर फरार हो गए।
विभिन्न धाराओं में केस दर्ज
सभी प्रकरणों में छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम 1960 की संबंधित धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर जांच की जा रही है।
एसएसपी का बयान
जशपुर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक लाल उमेद सिंह ने कहा कि गौ तस्करी के खिलाफ अभियान निरंतर जारी रहेगा। उन्होंने बताया कि चार दिनों में 95 गौवंश मुक्त कराए गए, दो आरोपियों को जेल भेजा गया और तीन वाहन जब्त किए गए हैं। फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है।