CG News: छत्तीसगढ़ के स्कूलों में सरस्वती वंदना निर्देश पर बवाल, कई संगठनों ने जताया विरोध
CG News: छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा सरकारी स्कूलों में प्रार्थना सभा, मध्यान्ह भोजन और छुट्टी के समय सरस्वती वंदना एवं मंत्रोच्चार कराने के निर्देश के बाद प्रदेश में विवाद शुरू हो गया है। कई जिलों में इस निर्णय का विरोध देखने को मिल रहा है।
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही में हुआ प्रदर्शन
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में मुस्लिम विकास मंच ने इस आदेश के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर पेंड्रारोड एसडीएम विक्रांत अंचल को ज्ञापन सौंपा और इस व्यवस्था को वापस लेने की मांग की।
संविधान का हवाला देकर विरोध
मुस्लिम विकास मंच के अध्यक्ष असद सिद्दीकी सहित प्रदर्शनकारियों का कहना है कि सरकारी स्कूलों में किसी विशेष धर्म से जुड़े मंत्रों का उच्चारण संविधान की धर्मनिरपेक्ष भावना के खिलाफ है। उनका कहना है कि स्कूल सभी धर्मों के लिए समान रूप से निष्पक्ष होने चाहिए।
प्रदेशभर में बहस तेज
इस फैसले को लेकर राज्यभर में बहस तेज हो गई है। जहां सरकार इसे भारतीय संस्कृति और नैतिक मूल्यों से जोड़कर देख रही है, वहीं कई संगठन इसे धर्मनिरपेक्षता के सिद्धांतों के विपरीत बता रहे हैं।
कांग्रेस ने भी जताई आपत्ति
यह मामला अब राजनीतिक रंग भी ले चुका है। कांग्रेस पार्टी ने भी इस निर्णय की आलोचना की है। पार्टी का आरोप है कि सरकार स्कूलों में एक विशेष विचारधारा को बढ़ावा देने का प्रयास कर रही है, विपक्षी दलों का कहना है कि यदि धार्मिक मंत्रों को शामिल किया जा रहा है, तो सभी धर्मों की समान भागीदारी सुनिश्चित की जानी चाहिए, ताकि शिक्षा व्यवस्था का धर्मनिरपेक्ष स्वरूप बना रहे।