CG News: रोजगार के खुले वैश्विक द्वार, सेमीकंडक्टर उद्योग से छत्तीसगढ़ के विकास को नई रफ्तार
CG News: छत्तीसगढ़ में सेमीकंडक्टर उद्योग की स्थापना ने राज्य के विकास में एक नया उच्च-प्रौद्योगिकी आयाम जोड़ दिया है, प्रदेश के युवा अब दुनिया की सबसे आधुनिक तकनीकी प्रणाली में अपनी जगह बना रहे हैं। इस पहल से छत्तीसगढ़ तेजी से देश के हाई-टेक मानचित्र पर उभर रहा है.
पॉलीमैटेक इलेक्ट्रॉनिक्स का बड़ा निवेश
पॉलीमैटेक इलेक्ट्रॉनिक्स प्राइवेट लिमिटेड—भारत की पहली सेमीकंडक्टर चिप निर्माता कंपनी—ने छत्तीसगढ़ में एक विशाल सेमीकंडक्टर विनिर्माण इकाई स्थापित करने का निर्णय लिया है, यह कदम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के तकनीकी आत्मनिर्भर भारत विज़न और केंद्र सरकार की अग्रणी नीतियों के अनुरूप है.
₹1143 करोड़ का अत्याधुनिक प्लांट
• लागत: ₹1143 करोड़
• निर्माण क्षेत्र: 1.5 लाख वर्ग फीट
• उत्पादन लक्ष्य: 2030 तक 10 अरब चिप्स
• उपयोग: टेलीकॉम, 6G/7G, लैपटॉप, पावर-इलेक्ट्रॉनिक्स एवं अन्य उभरती तकनीकें
इस प्लांट से प्रदेश के हजारों युवाओं को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार मिलने की संभावना है.
कंपनी देगी अंतरराष्ट्रीय स्तर की ट्रेनिंग
चयनित युवाओं को प्रारंभिक उन्नत प्रशिक्षण चेन्नई में दिया जाएगा,
सभी खर्च—
• एयर ट्रैवल
• आवास
• भोजन
कंपनी द्वारा वहन किया जाएगा.
एस्टोनिया, सिंगापुर और फ्रांस में ग्लोबल ट्रेनिंग
प्रारंभिक प्रशिक्षण के बाद युवाओं को पॉलीमैटेक के वैश्विक प्लांट्स—
• एस्टोनिया
• सिंगापुर
• फ्रांस
में भी प्रशिक्षित किया जाएगा.
कंपनी के अनुसार, मार्च 2026 तक चयनित युवाओं की संख्या बढ़कर 200 से 250 तक पहुंच जाएगी.
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का बयान
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि,“सेमीकंडक्टर उद्योग की स्थापना से छत्तीसगढ़ में तकनीकी विकास का नया अध्याय शुरू हो गया है, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विज़न के अनुरूप राज्य उच्च-प्रौद्योगिकी केंद्र के रूप में तेजी से आगे बढ़ रहा है.”
उन्होंने आगे कहा कि:
“पॉलीमैटेक द्वारा हमारे युवाओं को चेन्नई, एस्टोनिया, सिंगापुर और फ्रांस में अंतरराष्ट्रीय प्रशिक्षण देना यह दर्शाता है कि, हमारे युवाओं की प्रतिभा को वैश्विक स्तर पर मान्यता मिल रही है, यह न सिर्फ रोजगार का अवसर है, बल्कि युवाओं को भविष्य की अत्याधुनिक तकनीकों में नेतृत्व देने वाला अवसर भी है, राज्य सरकार हर निवेशक को सहयोग और हर युवा को विश्वस्तरीय कौशल उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है.”